तेलंगाना में बोली- सोनिया गांधी, ‘ऐसा लग रहा है जैसे अपने बच्चों से मिलने आई हूं’

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Sonia-Gandhi

हैदराबाद, 24 नवम्बर (वेबवार्ता)। तेलंगाना राज्य के गठन में अहम भूमिका निभाने वाली कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी ने शुक्रवार को पहली बार तेलंगाना का दौरा किया। उन्होंने राज्य के लोगों से निवेदन किया कि वो तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) को एक उचित सबक सिखाएं। हैदराबाद के बाहरी इलाके मेडचल में एक रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा, “यह मेरे लिए भावनात्मक क्षण है, क्योंकि मैं उस मां की तरह महसूस कर रही हूं जो कई वर्षों के बाद अपने बच्चों से मिलने आई हो”।

सोनिया गांधी ने आगे कहा कि तेलंगाना को अलग राज्य का दर्जा देने वाले फैसले के दौरान उन्हें कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा था। “यह कोई आसान निर्णय नहीं था, क्योंकि मुझे आंध्र और तेलंगाना दोनों क्षेत्रों के लोगों की भावनाओं को ध्यान में रखना था। लेकिन, तेलंगाना के लोगों के आंदोलनों को देखते हुए और उनकी आकांक्षाओं को समझते हुए, मैंने तेलंगाना राज्य बनाने का फैसला किया। राज्य के गठन के बाद पहली बार पहुंची तेलंगाना सोनिया गांधी कांग्रेस, तेलुगू देशम पार्टी, तेलंगाना जन समिति और कम्युनिस्ट पार्टी के गठबंधन के लिए प्रचार करने पहुंची थीं।

सोनिया ने इस फैसले का सहयोग करने के लिए पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह और राहुल गांधी समेत मेरे अन्य सहयोगियों को धन्यवाद कहा”। उन्होंने लोगों को याद दिलाया कि कांग्रेस को तेलंगाना को अलग राज्य का दर्जा देने के फैसले पर भारी कीमत चुकानी पड़ी थी। “राजनीतिक रूप से यह पार्टी के लिए एक बड़ा नुकसान था। फिर भी हमने तेलंगाना के लोगों के बड़े हितों में फैसला लिया”।

सोनिया ने आगे कहा कि जिस समय आंध्र प्रदेश के बंटवारे का बिल संसद में लाया गया उस वक्त आंध्र के लोग बहुत गुस्से में थे। तब हमने लोगों से वादा किया था कि हम आंध्र को विशेष राज्य का दर्जा देंगे। हम अभी भी अपने वादे पर हैं अगर केंद्र में कांग्रेस आती है तो ये वादा पूरा किया जाएगा। गांधी ने आगे कहा राज्य को बने हुए साढ़े चार साल हो गए हैं। एक मां चाहती है कि उसके बच्चे मजबूत हों और उनका भविष्य उज्जवल हो पर मैं देख रही हूं कि यहां के लोग आज भी विकास, रोजगार, पानी सप्लाई और नौकरियों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।

सोनिया ने कहा कि आप जानते हैं कि नवजात की देखभाल अगर ठीक से नहीं की जाती तो उसे भविष्य में बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। दुर्भाग्यवश यह उन लोगों के हाथों में आ गया, जिन्हें इसे छोड़कर सिर्फ अपनी परवाह रहती है। उन्होंने कहा कि यह चुनाव लोगों के लिए कठनाईओं से निकलने का मौका है। आप कांग्रेस को भारी संख्या में वोट देकर टीआरएस को सबक सिखाएं। सोनिया ने कहा कि किसानों के लिए कुछ करना तो दूर, यहां की टीआरएस सरकार ने यूपीए सरकार के भूमि अधिग्रहण कानून को भी जानबूझकर नजरअंदाज किया। उन्होंने पूछा-तेलंगाना के जन्म के समय जो सपने आपने देखे थे, उनमें से पिछले चार सालों में कितने पूरे हुए?

राज्य के निर्माण के लिए सोनिया साथ खड़ी थीं : राहुल

राहुल गांधी ने कहा कि टीआरएस की सत्ता अब जाने वाली है। मुख्यमंत्री चंद्र शेखर का नाम लिए बगैर उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति ने पिछले पांच साल सिर्फ अपने परिवार के लाभ के लिए काम किया। जब राज्य के लोग तेलंगाना बनने का सपना देख रहे थे तब सोनिया गांधी ही थीं, जो उन लोगों के साथ खड़ी थीं, जो नए राज्य के लिए अपना खून-पसीना बहा रहे थे।

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